शिमला। प्रदेश हाईकोर्ट ने  जेपी पावर वेंचर को कड़छम वांगतु प्रोजेक्‍ट को  लेकर बिजली बोर्ड को देय  करीब 127.84करोड़ रूपए में से  25करोड़ रुपएदो किश्‍तों में जमा कराने के आदेश दिए है। जस्टिस राजीव शर्मा ने अपने आदेशों में  जेपी पावर वेंचर को बाकी के का बकाया आगामी सुनवाई के दौरान  देने के निर्देश दिए । जेपी पावर वेंचर  को ये पैसा  बिजली बोर्ड को देना था। बिजली बोर्ड ने कंपनी के वास्‍पा चरण दो के 300मेगावाट के पावर प्रोजेक्‍ट केलिए सर्वे व जांच  कीथी। कंपनी और  बोर्ड के बीच समझौता हुआ था कि बोर्उ की ओर से किए जाने वाले सारे खर्चे का भुगतान कंपनी  ब्‍याज समेत करेगी। ये पावर प्रोजेक्‍ट 2003 में शुरू भी हो गया था।

बिजली बोर्ड ने जेपी  पावर वेंचर को रिकवरी के नोटिस भेजे थे। इन नोटिसों को  जेपी पावर वेंचर ने आरर्टिबेशन एंड कंसीलेशन एक्‍ट की धारा  9 के तहत हाईकोर्ट में याचिका  दायर कर रिकवरी पर स्‍टे लगाने कीगुहार लगाई थी। इससे पहले इस मामले में एक सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने  जेपी पावर वेंचर को 50 करोड़ रुपए जमा कराने केनिर्देश दिए थे। इस आदेश केखिलाफ कंपनी ने हाईकोर्ट की डबल में चुनौती दी थी। डबल बेंच ने  में कंपनी ने खुद  ही कहा  कंपनी की वितीय स्थिति अच्‍छी नहीं है इसलिए वो 25 करोड़ रुपए जमा करा सकते है। कंपनी ने ये भी दलील दी कि  बोर्ड ने ये  पैसा बहुत देरी से मांगा है। बोर्ड ने ये पैसा  2001 में मांगा था।  जस्टिस राजीव शर्मा ने कंपनी को आदेशदिए कि वो एक किश्‍त में पंच करोड़ और दूसरी किश्‍त में 20 करोउ़  जमा करा दें।