शिमला। हिमाचल प्रदेश में भ्रष्‍टाचार को लेकर सरकारी कर्मचारियों ने मौज लगा रखी हैं। आलम ये है कि महज बर्थ सर्टिफिकेट भी तब दिया जा रहा है जब रिश्‍वत की रकम जेब में पहुंच रही हैं।

बहरहाल,मामला बददी के किश्‍नपुरा का है। यहां पर किश्‍नपुरा पंचायत का सचिव मनीष कुमार तैनात है।उसने बर्थ सर्टिफिकेट लेने के लिए शिकायतकर्ता से 12 सौ रुपए की रिश्‍वत मांग ली।

शिकायत कर्ता ने विजीलेंस से इसकी शिकायत की और विजीलेंस ने इस पंचायत सचिव को 12 सौ रुपए की रिश्‍वत लेते हुए गिरफतार कर लिया।

पंचायत सचिव के खिलाफ विजीलेंस ने भ्रष्‍टाचार निरोधक अधिनियम की धारा 7 के तहत मामला दर्ज कर लिया हैं। मामले की छानबीन जारी हैं।