शिमला। राजधानी शिमला से करीब 65किलोमीटर दूर यात्रियों से भरी एक बस के दुर्घटनाग्रस्‍त होने से उसमें सवार  21यात्रियों की मौत हो गई है जबकि कई यात्राी घायल हुए है। घायलों  को राजधानी  शिमला के इंदिरा गांधी मेडिकल कॉलेज में दाखिल कराया गया है। घायलों  में कई की स्थिति गंभीर बताई जा रही है।

हादसा मंगलवार को सुन्‍नी  के पास कडारघाट  के समीप उस समय हुआ हुआ  जब एचआरटीसी की ये बस गहरी खाई में जा गिरी। मृतकों की तादाद बढ़ सकती है। भारी  बारिश की वजह से शाम तक केवल 10 ही लाशें निकाली जा सकी थी। स्‍थानीय लोग व प्रशासन का अमला बचाव  व राहत कार्य  में जुटा है।
परिवहन मंत्री  जी.एस. बाली ने दुर्घटना में मारे गए यात्रियों के प्रति गहरा शोक प्रकट किया है। उन्होंने दुर्घटना के कारणों की जांच के लिए मैजिस्ट्रेट तथा तकनीकी जांच के आदेश दिए हैं।(उधर, राज्‍यपाल उर्मिल सिंह व मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह ने  हादसे पर शोक जताया है

ठियोग बलसन के पास निहाना में एचआरटीसी  की एक अन्‍य बस सड़क से  नीचे लुढ़क गई। इस हादसे में 60 यात्रियों  को चोटें आई है। इस हादसे में किसी की जान नहीं गई है।दोनों हादसों की वजह धुंध और  बारिश बताई जा रही है।उधर कांगड़ा में दो बच्चियां बह गई है जबकि मंडी जिला जिला में बाढ़ की वजह से 24 छात्र  एक स्‍कूल  के भवन में फंस गए है।

कुल्‍लू  के निरमंड में बादल फटने  का समाचार है जिससे  सड़क का एक बड़ा हिस्‍सा और कई बगीचे तबाह हो गए है। इसी तरह चौपाल में भी बादल फटने से  बगीचों और जंगलों में तबाही मची है।चायल के पास जनेढ़घाट में बिल्‍डर्ज की ओर से अवैध रुप से डंपिंग करने से बाढ़  की स्थिति पैदा हो गई है।हिमाचल किसान सभा के अध्‍यक्ष कुलदीप सिंह तनवर ने कहा  कि  बारिश की वजह सेकई जगह पेड़ उखड़ गए है। बिजली व पानी की समस्‍या खड़ी हो गई है।

फोटो – फाइल फोटो