शिमला। मुख्‍यमंत्री कार्यालय से डीओ लेटर चोरी कर कारनामे दिखाने के मामले में  गिरफ्तार किए गए सीएम ऑफिस के अस्सिटेंट व मालरोड के साइबर कैफे के कर्मचारी को अदालत ने तीन दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।

उधर, पुलिस ने सीएम आफिस से चोरी किए दो और फर्जी डीओ कब्‍जे में लिए है। पुलिस ने सीएम कार्यालय की सभी शाखाओं को लिख कर दिया है कि कितने डीओ चोरी हुए थे और किन किन पर क्‍या-क्‍या कार्यवाही हुई है।

डीएसपी पंकज शर्मा ने कहा कि सीएम ऑफिस से दो और डीओ फर्जी पाए गए है।  ये एक क्‍लर्क की बदली झंडुता से नौणी के लिए कराने के लिए जारी हुए थे। इस पर आगे की कार्यवाही अमल में लाई जा रही है।

पुलिस ने इस मामले में अभी तक एनएसयूआई  के नेता संजय गुलेरिया समेत छह लोगों को गिर फ्तार किया है।  बाकी आरोपी न्‍यायिक हिरासत में भेज दिए गए है।

बीते कल सीएम आफिस में तैनात सहायक अर्जुन गौतम और मालरोड के साइबर कैफे के कर्मचारी सुरेंद्र को गिरफ्तार किया था।

अर्जुन गौतम डीओ की भाषा सुरेंद्र को बताता था और वो साइबर कैफे में डीओ तैयार कर जारी कर देता था। इस सारे मामले का मास्‍टर माइंड एनएसयूआई का पूर्व नेता संजय गुलेरिया बताया जा रहा है। वह न्‍यायिक हिरासत में है। ये पूरा गिरोह इन चोरी किए डीओ पर कर्मचारियों के तबादले व नियुक्तियां करते थे और उसकी एवज में बड़ी रकम एंठते थे।

इस मामले में शिमला पुलिस जांच कर रही है। डीएसपी ने कहा कि आज फिलहाल किसी को गिरफ्तार नहीं किया।