शिमला। भाजपा और कांग्रेस की ओर से कार्यकर्ताओं व समर्थकों की आड़ में बाहुबल के प्रदर्शन के बीच आज सोमवार को तय शेडयूल के मुताबिक राजधानी में भाजपा–कांग्रेस,माकपा के अलावा निर्दलीयों ने पार्षद पद की शपथ ली लेकिन मेयर और डिप्‍टी मेयर को नहीं चुना जा सका।भाजपा ने कांगेस के इतिहास  को  दोहराते  हुए बाहुबल का प्रदर्शन किया। ये  सब  भाजपा  विधायक राजीव बिंदल का  कौशल था। अब  मेयर व डिप्‍टी  मेयर का चुनाव  कल  मंगलवार 11  बजे  होना हैं। ऐसे में  दिलचस्‍प  ये  हो गया है कि क्‍या वीरभद्र  सिंह व  उनके बाहुबली  बिंदल के घेरे को तोड़ पाते हैं या नहीं।

1998 में  वीरभद्र सिंह  भाजपा के शांता खेमे  के विधायक रमेश ध्‍वाला को उठा ले गए थे व सरकार बना  ली थी।  तब  ध्‍वाला  निर्दलीय जीते थे। लेकिन 13 दिन बाद वो विश्‍वास मत हार गए थे। ध्‍वाला भाजपा में  आ गए थे व पांच साल तक धूमल की अगुवाई में सरकार बनाई थी।

चूंकि नगर निगम  के चुनाव में 34 सदस्‍यीय नगर निगम में भाजपा को 17 ही सीटें मिली हैं।एक भाजपा का बागी जीता हैं।

चुनाव के  बाद  कहीं  गुप्‍त स्‍थान पर रखे गए भाजपा पार्षदों को भाजपा विधायक राजीव बिंदल की अगुवाई में शपथ स्‍थल तक पूरी धमक के बीच दर्जन भर विधायकों की गाडि़यों में बिठाकर सीटीओ तक लाया गया।  जैसे ही ये पार्षद सीटीओ में उतरे उन्‍हें समर्थकों की आड़ में भाजपा के बाहुबलियों की फौज ने घेर लिया और नारेबाजी करते हुए शपथ स्‍थल बचत भवन को ले गए।

इसी तरह कांग्रेस के पार्षदभी शपथ लेने पहुंचे। साढ़े तीन बजे के बाद बचत भवन में सभी पार्षदों को शपथ  दिलाई गई व सवा चार बजे मेयर व डिप्‍टी  मेयर के चुनाव करने का समय रखा गया। लेकिन कांग्रेस के  सभी  पार्षद व माकपा की पार्षद चले गए। वो वापस नहीं लौटे । अंदर केवल भाजपा के 17, एक निर्दलीय जो बाद में भाजपा में चला गया था, अंदर रहे हैं। इसके अलावा कच्‍ची घाटी से जीते कांग्रेस के बागी संजय परमार भी भाजपा के पार्षदों के साथ अंदर ही रहे। वो शपथ लेने भाजपा पार्षदों के साथ आए। इससे पहले भाजपा ने उन्‍हें कांग्रेस के खेमे से अपने खेमे में ला दिया। इस  बावत क्‍या डील हुई  हैं इसका पता बाद में  चलेगा।दोपहर को उन्‍हें भाजपा की सदस्‍यता दिलाई गई।  भाजपा ने दावा किया कि कांग्रेस का ये बागी भाजपा का हो गया है और 34 सदस्‍यीय नगर निगम में भाजपा के 19 सदस्‍य हो गए हैं।

बचत भवन में शपथ  के  बाद  जब  कांग्रेस के  पार्षद नहीं आए  तो भाजपा  विधायक सुरेश भारद्वाज ने  दलीलें दी  कि  हाईकोर्ट को फैसला है व मेयर व डिप्‍टी  मेयर का  चुनाव  आज  ही  होना हैं।  इस  पर  डज्ञयरेक्‍टर   अर्बन डवलपमेंट डी के गुपता ने फैसला  दिया कि  वो  कल  मंगलवार को  11  बजे  मेयर व डिप्‍टी  मेयर का चुनाव करने का  समय  निर्धारित करते हैं। इस पर सुरेश भारद्वाज ने आपति जताई । तो  डी के गुपता  ने  कहा  कि  वो  ऐसा  कर  सकते हैं। अब  कल मंगलवार को  मेयर व  डिप्‍टी  मेयर का चुनाव  होना  हैं।  लेकिन सबसे बउ़ी  चुनौती  भाजपा की  है  कि वो  अपने  19  पार्षदों को  कैसे  सुरक्षित  रखती  हैं।  अगर  किसी ने  बीच  में  से अगवा करने की शिकायत कर  दी  तो  भाजपा को  लेने  के  देने पड़ सकते  हैं। (कहा  जा  रहा  है कि भाजपा अपने  बागी संजय परमार समेत कुरुक्षेत्र ले  गए  थे। उन्‍हें  दोपहर  को  चक्‍कर स्थिति पार्टी कार्यालय लाया  गया व वहां से विधायकों की गाडि़यों में  बचत  भवन  तक  पहुंचाया गया।जिस धमक के साथ भाजपा के नेता पार्षदों को बचत भवन तक लाए  उसे  देखकर कांग्रेस नेताओं के चेहरे उतर गए।

शपथ  के दौरान बचत भवन के बाहर भाजपा विधायक राजीव बिंदल ने अनौपचारिक बातचीत में कहा कि  कांग्रेस के  लोग  नाहन से नगर परिषद का  भाजपा अध्‍यक्ष पद  का दावेदार उठा कर ले गई थी।  ऐसे  में  उन्‍हें  अंदेशा था  कि कांग्रेस ऐसा  कुछ  करेगी। इसलिए वो सतर्कता बरत रही हैं।बिंदल बचत  भवन  के  बाहर बाहुबली युवाओं की टोली को रणनीति समझाते नजर आए। जब मीडिया के लोग फोटो खींचने लगे तो उन्‍हें इंकार किया जाने लगा । कुछ तो तेवर भी दिखाने के मुड़ में थे।

गौरतलब  हो  कि  मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह व कांग्रेस पार्टी की तरह ही पूर्व मुख्‍यमंत्री प्रेम कुमार धूमल और मोदी सरकार में मंत्री जगत प्रकाश नडडा के खेमे भितरघात करते हुए निगम में बहुमत हासिल नहीं कर पाए । कांग्रेस के  12 पार्शद  जीते  तो  भाजपा  17  पर  सिमट  गई  ।भाजपा ने  जीतते  ही  पंथाघाटी से  पार्टी  के  बागी  को  अपने कब्‍जे  में  ले  लिया। धूमल व सती एक  दम  हरकत  में  आ गए। इनको  कुरूक्षेत्र  (कुछ  लोग  चंडीगढ़ बताते  हैं) ले गए।इस बीच  कांग्रेस अपने बागियों को  संभाल पाते भाजपा की  टीम  ने  कांग्रेस के  बागी संजय परमार को  भी  अपने खेमे  में पहुंचा दिया।

उधर, मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह  व उनका लाडला विक्रमादित्‍य कहते रहे  कि निगम पर कांग्रेस का मेयर कब्‍जा करेगा।  वीरभद्र सिंह भली  भांति जानते है कि कांग्रेस के  कुल 12 पार्षद जीत कर आए हैं।ऐसे में सवाल है कि  कि वो कांग्रेस का  मेयर  बनाने  का  दावा किस  ताकत पर  कर  रहे थे।  हालांकि ये  आज भी  कहा  जाता रहा कि भाजपा के  6-7 पार्षद सरकार के संपर्क में हैं।व सही समय आने पर कांग्रेस अपना कार्ड चलेगी।

शपथ लेने  के बाद  कांग्रेस के सारे पार्षद हॉलीलॉज पहुंचे व आगे की रणनीति बनाई । अब जो भी होना है  वो कल होना हैं।

उधर, वामपंथी  पार्टी माकपा  ने  एलान  किया  कि वो  कल  होने  वाले  मेयर व  डिप्‍टी  मेयर  के  चुनाव से  दूरी  बनाकर  रखेंगी ।  पार्टी  के  राज्‍य  सचिव  ओंकार  शाद  ने  साफ  किया  कि  माकपा  की  पार्षद  न  तो  भाजपा  व  न  ही  कांग्रेस  का  समर्थन  करेगी। वो  जनता के मसलों  को  उठाएगी। उन्‍होंने इल्‍जाम  लगाया के  भाजपा व  कांग्रेस  दोनों को   ही  बहुमत  नहीं मिला  हैं। ऐसे  में दोनों खरीद  फरोख्‍त  करने  पर  आ  गए  हैं। माकपा  इसकी निंदा  करती  हैं।

उधर, कांग्रेस  प्रवक्‍ता  नरेश  चौहान  ने  कहा  कि कांग्रेस के सभी पार्षद  कल मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह से  दोबारा  मिलेंगे व वहां पर  फैसला  लिया जाएगा कि  वो  11  बजे  क्‍या  करेगी।

यहां देखें कुछ और तस्‍वीरे-: