वाराणसी (उत्तर प्रदेश)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बृहस्पतिवार को अपने संसदीय निर्वाचन क्षेत्र वाराणसी के करखियांव में गुजरात के बनासकांठा जिला दुग्ध उत्पादक संघ लिमिटेड की बनास डेयरी का शिलान्यास करने के साथ क्षेत्र को 2095 करोड़ रुपये की लागत वाली 27 विभिन्न परियोजनाओं की सौगात दी।

पिछले 10 दिनों में मोदी की यह वाराणसी की दूसरी यात्रा है। इससे पहले 13 दिसंबर को उन्होंने काशी विश्वनाथ कॉरिडोर का उद्घाटन किया था। अगले दिन उन्होंने भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के सम्मेलन में भी शिरकत की थी, उसके बाद 17 दिसंबर को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए उन्होंने अखिल भारतीय महापौर सम्मेलन को भी संबोधित किया था।

प्रधानमंत्री ने सबसे पहले करखियांव में उत्तर प्रदेश राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण फूड पार्क में ‘बनास डेयरी संयंत्र’ का शिलान्यास किया। करीब 30 एकड़ क्षेत्र में यह डेयरी 475 करोड़ रुपए की लागत से बनाई जाएगी और इसमें पांच लाख लीटर प्रतिदिन दूध तैयार किया जाएगा। प्रधानमंत्री ने बनास डेरी से जुड़े 170000 से अधिक दुग्ध उत्पादकों को करीब 35 करोड़ रुपए का बोनस डिजिटल माध्यम से उनके बैंक खातों में अंतरित किया।

Narendar Modi addressing rally in UP
Narendar Modi addressing rally in Varanasi

इसके पूर्व, मोदी ने विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों से बात भी की।उन्होंने वाराणसी के रामनगर में ‘मिल्क प्रोड्यूसर्स कोऑपरेटिव यूनियन’ की बायो गैस आधारित बिजली उत्पादन संयंत्र की आधारशिला भी रखी। इसके अलावा दुग्ध उत्पादकों के लिए ‘कनफॉरमेटी एसेसमेंट स्कीम’ से संबंधित एक पोर्टल का उद्घाटन करने के साथ-साथ उसका लोगो भी जारी किया।

प्रधानमंत्री ने नगर विकास से संबंधित अनेक परियोजनाओं का भी उद्घाटन किया। इनमें पुरानी काशी के वार्ड के पुनर्विकास से जुड़ी छह परियोजनाएं, बेनी बाग में पार्किंग, दो तालाबों का सौंदर्यीकरण, रमना गांव में सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट तथा स्मार्ट सिटी मिशन के तहत 720 स्थानों पर आधुनिक निगरानी कैमरा संबंधी योजनाएं भी शामिल हैं।

 

मोदी ने महामना पंडित मदन मोहन मालवीय कैंसर सेंटर, 130 करोड़ रुपए की लागत से चिकित्सकों तथा नर्सों के लिए बनाए गए छात्रावासों का भी उद्घाटन किया। उन्होंने आयुष मिशन के तहत पिंडरा तहसील में सरकारी होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज की आधारशिला भी रखी।

मोदी ने प्रयागराज तथा भदोही के लिए सड़क चौड़ीकरण की दो परियोजनाओं की आधारशिला रखी और ‘इंटरनेशनल राइस रिसर्च इंस्टीट्यूट’ में ब्रीडिंग फैसिलिटी दक्षिण एशिया क्षेत्रीय केंद्र का भी उद्घाटन किया।