शिमला।15 अगस्‍त को धामी में बच्चा चुराने वाले गिरोह के सदस्य की शंका में स्थानीय युवकों  ने कर्नाटक के एक व्यक्ति को पकड़ लिया व उसकी पिटाई कर बाद में पुलिस के हवाले में कर दिया। यह गरीब व्‍यक्‍ति है व पल्‍ल्‍ेदारी का काम करता है।

चूंकि ये व्यक्ति हिंदी भाषा नहीं जानता था। लेकिन इस बीच पता चला की ये कर्नाटक का रहने वाला है। इस पर पुलिस ने घंडल में खुली कानून विवि में पढ़ने वाले कर्नाटक के छात्रों से संपर्क किया । उनसे बातचीत में इस शख्स ने कहा कि वह कर्नाटक से  ट्रक में आया था व पंजाब में कहीं उतर गया। यहां से वह किसी ट्रक वाले के साथ यहां आ गया और सोलह मील के पास उतर गया।

यहां से वह धामी की ओर चल पड़ा। धामी में वह कहीं झांक रहा था तो कुछ  स्‍थानीय लड़कों  को लगा की ये बच्चे को देख रहा है। शक होने पर उन्‍होंने इसे पकड़ लिया। इन दिनों को बच्‍चें को चुराने वाले गिरोह के सक्रिय होने ही अफवाहें हवाओं में तेजी से तैर रही है। इस शख्‍सकी तस्‍वीरें भी सोशल मीडिया पर वायरल हो गई थी।

बाद में पता चला कि ये पल्लेदारी का काम करता है। धामी पुलिस ने आज इसे एसडीएम के समक्ष पेश किया और अब आगे की कार्यवाही अमल लाई जा रही है।

उधर, शिमला पुलिस ने इस तरह की अफवाहें फैलाने वालों को आगाह किया है। लेकिन सुस्‍त पुलिस ने इस गरीब पल्‍लेदार को लेकर जानकारी देने में खुद ही 24 घंटें से ज्‍यादा लगा दिए। इस बीच लोगेां को बातें फैलाने का मौका मिल गया। इससे पहले सोलन में भी इसी तरह  की बच्‍चा चोर गिरोह के सक्रिय होने की अफवा फैली गई थी।