शिमला।अचानक बरमाणा स्थित एसीसी  और दाडलाघाट स्थित अंबुजा सीमेंट कारखानों को बंद करने के खिलाफ बिलासपुर निवासी रजनीश शर्मा की ओर से दायर जनहित याचिका पर प्रदेश हाईकोर्ट में कल सुनवाई होनी हैं। यह मामला आज भी हाईकोर्ट में सुनवाई के लिए लगा व सरकार की ओर से कहा गया कि इस मामले पर सरकार के साथ आज बातचीत हो रही है व समय मांगा। इस पर मुख्‍य न्‍यायाधीश की खंडपीठ ने मामले की सुनवाई कल के लिए निर्धारित कर दी हैं।

याचिका में इन कारखानों को तुरंत खोलने की मांग की गई  हैं।

 

 

रजनीश शर्मा ने उच्‍च नरूायालय में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि इस तरह किसी भी कंपनी को बिना नोटिस दिए बंद नहीं किया जा सकता। इन कारखानों पर ट्रक आपरेटरों का ही नहीं हजारों लोगों की रोजी निर्भर है। इसके अलावा सरकार के खजाने को अलग से नुकसान हो रहा हैं। इसलिए  इस मामलों को अकेले आपरेटरों के साथ ही न जोडा जाए। वह एक पक्ष है। मालभाडे को लेकर सरकार और आपरेटरां के बीच बातचीत चलती रह सकती है। लेकिन कारखाने थोडे ही बंद किए जा  सकते हैं। तालाबंदी करने से पहले कानून में कई प्रावधान हैं।

यही नहीं इन कारखानों से कर्मचारियों का तबादला दूसरे राज्‍यों  को कर दिया गया। ऐसा क्‍यों किया गया। कारखाने लगने से पहले बाकायादा एमओयू हुए हें। कोई कंपनी ऐसा कैसे कर सकती हैं।

 

अगर कोई नफा नुकसान है तो वह बैलेंस शीट का मामला हैं। बैलेंस शीट कहां हैं। रजनीश ने कहा कि यह तमाम तस्‍वीर अदालत में आनी चाहिए।

उन्‍होंने कहा कि उनकी जनहित याचिका ढाबे वालों से लेकर स्‍पेश पार्टस व इन कारखानों से जुडे तमाम कारोबार में जुडे लोगों से हैं।

 

उधर 29 दिनों से बंद इन कारखानों को लेकर सुक्‍खू सरकार ने कंपनी प्रबंधन के खिलाफ ककोई कार्यवाही क्‍यों नहीं की हैं इसे लेकर कई सवाल हैं। संभवत: अब कल का इंतजार किया जा रहा हैं। उधर  कहा जा रहा है कि इस बावत आज सरकार के साथ बातचीत चल रही हैं।