शिमला/ चंडीगढ़। सीबीआई की ओर से पांच लाख रुपए रिश्‍वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार उद्योग विभाग के बददी में तैनात संयुक्‍त निदेशक तिलकराज और दूसरे आरोपी अशोक राणा को चंडीगढ़ की सीबीआई अदालत ने दो दिन के सीबीआई रिमांड पर भेज दिया हैं।एक कंपनी के चार्टेड अकाउंटेंट चंद्रशेखर  की शिकायत पर दर्ज सीबीआई की एफआईआर में तिलक राज शर्मा के हवाले से ये जिक्र भी है कि ये पैसा दिल्‍ली में मुख्‍यमंत्री के  पीएस रघुवंशी को हैंड ओवर होना था। एफआईआर में मुख्‍यमंत्री के पीएस का हवाला आने के बाद दिल्‍ली से  आ ही लौटे सीएम वीरभद्र सिंह के खेमे में हड़कंप मच गया हैं।

सीबीआई ने तिलक राज ,चंद्रशेखर और अशोक राणा  की वीच हुई बातचीत की वीडियो और ऑडियो रिर्कांडिंग का  भी की हैं। इसका जिक्र वाकायदा 16 पेज की एफआईआर में किया गया हैं।

सूत्रों के मुताबिक पकड़े गए संयुक्‍त निदेशक तिलक राज ने सीबीआई के समक्ष अनौपचारिक तौर पर कई बड़े नेताओं के नामों का खुलासा किया हैं। इस मसले पर मुख्‍यमंत्री के प्रधान निजी सचिव सुभाष आहलुवालिया से सीएम ऑफिस से आधिकारिक पक्ष लेने के लिए संपर्क किया गया लेकिन उन्‍होंने मोबाइल नहीं उठाया।उन्‍हें व मुख्‍यमंत्री की व्‍हाट्सएप पर मैसेज भी भेजा गया।लेकिन खबर लिखे जाने तक कोई जवाब नहीं आया।

अगर इस मामले में कोई साजिश नहीं हुई तो मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह व उनका कार्यालय ,उनके कुछ सहयोगी मंत्री संकट में आ सकते है। हालांकि अभी कुछ भी कहना जल्‍दी होगा। चूंकि इस साल के आखिर में विधानसभा के चुनाव हैं ऐसे में राजनीति में कई कुछ पकता हैं।लेकिन सीबीआई ने सबूतों को एकत्रित करने में काफी मेहनत की हैं।चूंकि अब तिलक राज शर्मा सीबीआई रिमांड में हैं,ऐसे में वो क्‍या खुलासे करता है वो दिलचस्‍प होगा।

यहां गौरतलब ये हैं कि तिलक राज सीएम वीरभद्र सिंह, उद्योग मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ही नहीं भाजपा नेता व पूर्व मुख्‍यमंत्री प्रेम कुमार धूमल समेत भाजपाइयों के भी करीबी रहा हैं।

सीबीआई की एफआइआर के मुख्‍य पन्‍नों को यहां पेश किया जा रहा हैं-: