शिमला। बिलासपुर के बरमाणा और जिला सोलन के दाडला में 14 दिंसबर 2022 को अचानक सीमेंट कारखाने बंद कर साढे छह हजार ट्रकों के पहिए जाम कर देने के अदाणी समूह के फैसले से उपजे विवाद का कल मंगलवार को समाधान होने के संकेत मिल रहे हैं।

सरकार ने कल इस मामले को निपटाने के लिए अदाणी समूह के सीमेंट कारखाने चलाने वाली कंपनी के सीइओ को वार्ता के लिए तलब कर लिया हैं और कल 11 बजे दोबारा वार्ता रखी गई हैं। वार्ता में मुख्‍यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्‍खू भी होंगे।

कंपनी की ओर से आज भी अधिकारी वार्ता में शामिल थे लेकिन उन्‍होंने अपने स्‍तर पर कोई अंतिम फैसला  लेने पर असमर्थता जताई। इस पर आापरेटरों ने कहा कि अगर ये अधिकारी अंतिम फैसला लेने पर सक्षम नहीं है तो जो अधिकारी फैसला लेने पर सक्षम है उसे वार्ता में शामिल  किया जाए। इस पर मुख्‍यमंत्री ने कंपनी के सीईओ का वार्ता के लिए बुलाने का हुक्‍म जारी कर दिया ।

बैठक में कंपनी की ओर से मल्‍टी एक्‍सल ट्रालों का मालभाडा नौ रुपए व बाकी ट्रकों का दस रुपए  प्रति टन प्रति किलोमीटर अदा करने का नया प्रस्‍ताव दिया जिसे आपरेटरों ने सिरे से खारिज कर दिया।

आपरेटरों ने कहा कि वह 24 टन के मल्‍टी एक्‍सल पर जो मालभाडा बागा में अल्‍ट्राटेक कंपनी की ओर से अदा किया जा रहा है व उसमें पांच फीसदी छूट देने के लिए तैयार हैं। हालांकि कंपनी की ओर से इस पर कोई सहमति नहीं बनी। याद रहे अल्‍ट्राटेक ने चार दिन पहले ही कमालभाडे में बढोतरी कर  भाडा 10 रुपए 71 पैसे प्रति टन प्रति किलोमीटर कर दिया था। इसका अदाणी समूह की कंपनी पर दबाव पडा है ।

बैठक में मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश के ट्रक आॅपरेटरों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। इस गतिरोध को इस तरह सुलझाने का प्रयास किया जा रहा है कि दोनों पक्षों को कोई नुकसान न हो। उन्होंने गतिरोध समाप्त करने पर बल देते हुए कहा कि दोनों पक्षों को इस मुद्दे को सौहार्दपूर्ण तरीके से सुलझाना चाहिए।

सरकार इस मामले को अति शीघ्र सुलझाने के लिए प्रयासरत है और मुख्यमंत्री ने इस गतिरोध को समाप्त करने के लिए मंगलवार को शिमला में कंपनी के उच्च अधिकारियों और ट्रक यूनियनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक बुलाई है।

बैठक में उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चैहान, मुख्य संसदीय सचिव संजय अवस्थी, विधायक राजेश धर्माणी, मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार सुनील शर्मा, निदेशक उद्योग राकेश कुमार प्रजापति, निदेशक परिवहन अनुपम कश्यप, कंपनी के प्रतिनिधि नवीन जिंदल और दिनेश शर्मा, बरमाणा ट्रक यूनियन और दाड़लाघाट ट्रक यूनियन के प्रतिनिधि शामिल हुए। अब देखना है कि कल प्रदेश के अब तक इस सबसे बडे औदयोगिक विवाद का समाधान किस तरह से होता हैं। यह विवाद देश के सबसे बडे कारोबारी के साथ पनपा हैं।

याद रहे आज दोपहर बाद वार्ता शुरू होने से पहले मुख्‍यमंत्री सुक्‍खू ने दावा किया था कि इस विवाद को आज या कल तक हल कर दिया जाएगा।