शिमला/दाड़ला।पिछले एक सप्‍ताह से ज्‍यादा समय से अपनी मांगों को लेकर हड़ताल कर रहे अंबुजा सीमेंट कंपनी के मजदूरों की मांगों की ओर अ्रबुजा प्रबंधन व सरकार की ओर से कोई गौर  न करने से गुस्‍साए मजदूरों  ने आज से  क्रमिक भूख हड़ताल शुरू कर दी है।संभवत इतने से संघर्ष की राह पर चल रहे इन मजदूरों की आवाज धर्मशाला में शुरू हो चुके विधानसभा सत्र के  चलते सरकार के मुखिया वीरभद्र सिंह व नेता प्रतिपक्ष प्रेमकुमार धूमल  के कानों तक नहीं पहुंची है। विधानसभा को लगे आज दो दिन बीत गए  लेकिन  सरकार व विपक्ष की ओर से इन मजदूरों के मसले पर कोई जिक्र नहीं  हुआ है।  हालांकि स्‍थानीय बीजेपी विधायक गोबिंद शर्मा यहीं का प्रतिनिधित्‍व करते हैं।अर्की प्रशासन  व जिला प्रशासन इन मजदूरों  की मांगों पर कोई  गौर नहीं कर रहा है।

उधर,केंद्रीय लेबर  मंत्रालय के अधिकारी भी कहीं खामोश  है। जिसके चलते लेबर कानूनों के उल्‍लंघन के मामलों पर मजदूरों को भूख हड़ताल पर जाना पड़ा है।

इन आंदोलनकारी मजदूरों ने सरकार,प्रशासन व अंबुजा प्रबंधन को  आगाह किया है कि अगर उनकी मांगों को नहीं माना गया तो आंदोलन उग्र कर दिया जाएगा।इस मौके पर स्‍टेट सीटू महासचिव एन डी हरनोट ने  कहा कि मजदूरों  की मांगों पर गौर किया जाना चाहिए।चाहिए।यूनियन के तहसील  उपप्रधान अमरचंद गजपति ने कहा कि अंबुजा प्रबंधन  व सरकार के तानाशाही रवैये को किसी भी कीमत पर बर्दाश्‍त नहीं किया जाएगा।

इस मौके पर यूनियन के प्रधान लच्‍छीराम ने एलान किया कि जब तक अंबुजा प्रबंधन व सरकार की नींद नहीं टूटती, उनकी भूख  हड़ताल नहीं टूटेगी । उन्‍होंने कहा कि बागा में जे पी के सीमेंट कारखाने  के मजदूरों को भी आंदोलन के लिए बुलाया जाएगा।ऐसे में जेपी कंपनी के कारखाने को भी बंद कर दिया जाएगा।

उधर,एसडीएम अर्की लायक राम वर्मा ने इस मसले को लेकर आज शाम को अंबुजा कारखाने के प्रबंधन ये बात की। वर्मा ने कहा कि वो मामले में दखल देंगे।