शिमला । कांगेस सरकार के सता में आने के अढाई साल बाद मुख्यमंत्री  वीरभद्र  सिंह  ने  अपने मंत्रिमंडल  में  विस्तार  कर  अपने रिश्तेदार  व कुल्लू राज परिवार से विधायक कर्ण  सिंह  मंत्री बना दिया ।  भाजपा से कांग्रेस में आए कर्ण  सिंह को आज सुबह वीरवार को राज्यपाल आचार्य  देवव्रत  ने पद व गोपनीयता की शपथ  दिलाई।कर्ण सिंह को आयुर्वेद व सहकारिता  विभागों  का  मंत्री बनाया गया है। बंजार से विधायक कर्ण सिंह  एक अरसे से मंत्री बनने के लिए लॉबिंग कर रहे थे।  लेकिन पिछले अढाई  सालों से मुख्यमंत्री ने केबिनेट का एक पद खाली रखा था व किसी को भी मंत्री नहीं बनाया गया था।

 

कर्ण सिंह पहले  भाजपा  के विधायक थे व 1998 से 2003  के भाजपा हिविकां की धूमल सरकार में मंत्री रहे थे। बाद में वो कांग्रेस में आ गए ।

कर्ण सिंह  के शपथ समारोह  में खास  बात ये रही कि भाजपा  से विद्रोह  कर हिमाचल लोकहित पार्टी  का गठन कर विधायक बने उनके बड़े  भाई  महेश्वर सिंह शपथ समारोह में  शामिल  नहीं हुए।ये ही नहीं विपक्षी पार्टी  भाजपा की ओर से भी इस मौके पर कोई नहीं था। वीरभद्र सिंह केबिनेट में वो 11 वें मंत्री बने है।इसके बाद मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने उनका परिचय विधानसभा में सदन से कराया। सदन में वीआईपी दीर्घा में  उनकी पत्नी व बेटा भी मौजूद रहा।