शिमला। पूर्व भाजपा सरकार के कार्याकाल  में हुआ दाल घोटाला आज विधानसभा में दोबारा गूंजा। हिलोपा  विधायक महेश्‍वर सिंह ने खादय आपूर्ति मंत्री जी एस बाली और सरकार पर सवाल उठाया कि लग रहा है कि जिन लोगों ने कारनामें दिखाए हैं उन्‍हें संरक्षण मिल रहा है। प्रश्‍नकाल के दौरान  जीएस बाली ने कहा कि इस मामले में सतर्कता विभाग ने जांच की थी। एफआईआर नबंर 1/12 में टेंडर की एक शर्त में छेड़डाड़ करने के मामल में दो अधिकारियों को सस्‍पेंड किया गया है। खादय आपूर्ति निगम के ततकालीन एमडी की मौत  हो गई है। एक अधिकारी रिटायर हो गया है। चालान  अदालत में पेश कर दिया गया है।

महेश्‍वर सिंह ने सवाल कियाकि जिस सप्‍लायर ने मुबंई से दालें उठाई  ही नही व किराया सरकार  से वसूल कर लिया ।उसने दिल्‍ली से घटिया किस्‍म  की दालें खरीद कर परवाणु में पैकेट बनाकर प्रदेश के लोगों को बेच दी।उस सप्‍लायर के खिलाफ  कार्रवाई होनी चाहिए थी। उसे काली सूची में डाला जाना चाहिए। महेश्‍वर सिंह ने ये सवाल भी उठाया कि ये मामला  कांग्रेस की जार्चशीट में था व मंत्री चार्जशीट कमेटी के अध्‍यक्ष्‍ा थे।क्‍या चार्जशीट  में ये आरोप गलत लगाया गया था।

 

इस पर बाली ने कहा कि विजीलेंस ने इस जांच को बदल कर दिया है और जांच रिपोर्ट  में कहा गया है कि इस घोटाले में  मामला  नहीं बनता और सरकार विजीलेंस जांच से संतुष्‍ट है। अदालत  के फैसले  का इंतजार करना चाहिए।

बाली ने कहा अगर विधायक  सीबीआई  और किसी और एजेंसी से जांच  कराने  की मांग रखते है तो सरकार विचार करेगी। बाली ने कहा कंपनी  को काली सूची में डालने का प्रावधान नहीं है। इस पर महेश्‍वर सिंह ने कहा कि मंत्री  न जाने क्‍यों संरक्षण दे रही है लेकिन जनता सब जानती है।

उधर,बाद में अनुदान मांगों पर चर्चा के दौरान मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह ने सदन में उठकर जवाब दिया कि जो ये आरोप लगा था कि दालें मुबंई से न उठाकर दिल्‍ली  से उठा ली  और परवाणु में पैकेट बनाकर बेच दी ये साबित नहीं हो पाया है। मुख्‍यमंत्री  ने कहा कि ई टेंडरिंग  में छेड़छाड़  करने के आरोप  में भी आपराधिक मामला नहीं बना है।दो अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश दिए है। जबकि एफआईआर नबंर1/12  में स्‍पेशल कोर्ट शिमला में चालान पेश कर दिया है।

लाहोल  में रोहतांग टनल व बीआरओ  समेत लोगों को रेत-बजरी की कमी

प्रश्‍नकाल  के दौरान लाहोल स्पिति के विधायक रवि ठाकुर ने लाहोल स्पिति में रेत-बजरी की कमी को लेकर सवाल पूछा।  रवि ठाकुर ने का कि रोहतांग टनल  का काम करने वाली एफकॉन बीआर ओं के कमांउिंग अफसर समेत लोगों  उन्‍हें शिकायत कर रहे है कि रेत बजरी नहीं मिल रही है।रोहतांग टनल का काम 2015  में पूरा होना है।इसके अलावा लोगों व सरकारी विभागों  के लिए भी रेत बजरी नहीं मिल रही है। उनका फोन कॉल सेंटर बन गया है।कहीं पुलिस चालान कर रही है तो कहीं वन विभाग दखल दे रहा है।उद्योग मंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने जवाब देते हुए कहा कि विभाग के पास कोई  भी लिखित में शिकायत नहीं आई है।उन्‍होंने कहा कि माइनिंग पर ग्रीन नेशनल ट्रिब्‍यूनल ने बैन लगा रखा है।सरकार तो पूरी तरह से उदार है। अग्निहोत्री ने कहा कि लाहोल स्पिति में आठ क्रशरों में  से चार क्रैशर चल रहे है।चार  इसलिए नहीं चल रहे है क्‍योंकि उन्‍होंने  स्‍थाई रजिस्‍ट्रेशन नहीं कराई है।इसके अलावा भाजपा शासन काल में  ठेकेदारों  का बकाया अदा नहीं हुआ ।एक ठेकेदार का 18 करोड़  रुपए  का बकाया पिछली सरकार का अदा होना है।ठेकेदार इसलिए भी काम नहीं कर रहे है। अग्निहोत्री ने कहा कि उनके विभाग रेत बजरी मुहैया कराने के लिए हर संभव प्रयास करेगा।

चीन की कंपनी ब्रिज बनाने से मुकरी

 जिला ऊना में पंजाब बार्डर मेहतपुर से अंबिकापुर तक  बनने वाले रोड का काम चीन की कंपनी मैसर्स लांग्जियों रोड ब्रिज लिमिटेड  जून 2014 तक पूरा कर देगी। ये जानकारी मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह ने  प्रश्‍नकाल के दौरान कांग्रेस विधायक कुलदीप कुमार की ओर से पूछे सवाल के जवाब में दी। उन्‍होंने कहा कि चीन की कंपनी ने पुलों का काम करने से मना कर  दिया है। कंपनी का कहना है कि उनके सुपरवाइजर और तकनीकी स्‍टाफ देश छोड चुका है। इन पुलों के निर्माण के लिए दोबारा निविदाएं मंगवाई जाएंगी।उन्‍होंने कहा कि  रोड निार्मण  में देरी  चीन  की कंपनी के स्‍टाफ  को वीजा  को लेकर हुए विवाद की वजह से  हुआ।

आउटसोर्सिंग कंपनी ने एक ही जगह से कर दी भर्ती

कृषिमंत्री सुजान सिंह पठानिया ने  कहा कि विभिन्‍न  एपीएमसी में आउटसोर्सिंग  के जरिए 76 भर्तियां की गई है। पठानिया ने ये जानकारी प्रश्‍नकाल  के दौरान  हिलोपा विधायक  महेश्‍वर सिंह की ओर से पूदे सवाल के जवाब में दी। महेश्‍वर सिंह ने सवाल उठाया कि  एक ही जगह से चयन हो गया है। इंटरव्‍यू  की प्रक्रिया क्‍या थी। केवल चौपाल से ही भर्ती की गई है। आशा कुमारी ने अपने पूरक सवाल में आउटसोर्स करने वाली फर्म का चयन किस तरह होती है ये पूछा। इस पर पठानिया ने जवाब दिया कि इसका ख्‍याल रखा जाएगा।

उन्‍होंने कहा कि आउटसोस्रिंग  से 30 मार्किटिंग एग्‍जिक्‍युटिव ,40 मल्‍टी पर्पज वर्कर व 7 युटीलिटी वर्कर भर्ती  किए गए है सरकार  कंपनी को इन पदों पद भर्ती लोगों को क्रमश 12 857,10446 और 7514 रुपए अदा कर रही है जबकि कंपनी  इन लोगों को क्रमश 8500,6500 व45 00 रुपए अदा कर रही है। पठानिया ने कहा कि कंपनी  को सरकार इनकी एवज में  23 लाख 68 हजार 182 रुपए अदा कर चुकी है और इनकी भर्ती के बाद विभिन्‍न  मार्किटिंग कमेटियों को सात करोड़  की आय हुई है।  इससे साफ है कि नियुक्तियां सही हई है।

प्‍लाट लेकर कारखाना न लगाने  वालों को आखिरी चेतावनी

 

उदयोगमंत्री  मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि  प्रदेश में जिन उदयोगपतियों ने प्‍लाट  तो ले लिए है लेकिन वहां पर कारखाने  नहीं लगाए है उन्‍हें सरकार  आखिरी चेतावनी देगी  और अगर वो तब भी कारखाना नहीं लगाते है तो उनके प्‍लाट किसी और को आवंटित कर दिए जाएंगे। वह  कांग्रेस विधायक अजय महाजन  के प्रश्‍न  का जवाब दे रहे थे।  अग्निहोत्री ने कहा कि इंडस्ट्रियल  एरिया नलगाहर राजा काबाग में कोंडिक्‍स  फिलामेंट कंपनी को आठ साल पहले76 हजार वर्ग मीटर स्‍पेस अलाट किया था।  इस कंपनी को 12 से 47 नंबर  तक प्‍लाट आवंटित  किए थे।उसने कारखाना  नहीं लगाया। वन विभाग की ओर से जमा होने वाले 34 लाख  भी जमा करा दिए गए है।लेकिन आठ साल से कुछ नहीं हुआ। उन्‍होंने कहा कि सरकार आखिरी चेतावनी देकर ऐसे प्‍लाटों  को औरों को आवंटित  कर देगी।

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