शिमला।प्रदेश हाईकोर्ट ने बिस्‍कुट, कुरकुरे,चिप्‍स,लॉलीपॉप, कैंडी समेत पालीथिन के पैकेजिज में बिकने वाली वस्‍तुओं पर 26 जनवरी से पाबंदी लगा दी है। हाईकोर्ट के दो सदस्‍यीय खंडपीठ ने सरकार को आदेश दिए है कि इस आदेश के तहत पालीथिन में बिकने वाली वस्‍तुओं की बिक्री, भंडारण,आपूर्ति  और प्रदेश में इनके प्रवेश पर पाबंदी के हाईकोर्ट के आदेशों की पालना करें।हाईकोर्ट  ने पानी की बोतलों को इस इन वस्‍तुओं  से बाहर रखा है।

हाईकोर्ट  के जस्टिस राजीव शर्मा  और जस्टिस वी के शर्मा ने साथ ही निर्देश दिए कि अब प्रदेश में डालडा व खाने का तेल भी पाउच और प्‍लास्टिक की  गैलनों में नहीं बेचा जा सकेगा।ये टिन के कंटेनरों में बिके।    

  हाईकोर्ट  ने निर्देश दिए कि 31 मार्च 2014 से दूध , दूध से बने उत्‍पाद खादय तेल,मांस को फूड सेफ्टी एंड स्‍टैंडर्ड रेगूलेशन के मुताबिक बेचा व ट्रांसपोर्ट  किया जा सकेगा। हाईकोर्ट ने सरकार को को निर्देश दिए कि     31 मार्च 2014 से कोई भी आवश्‍यक खादय सामाग्री फूड सेफ्टी रेगूलेशन का उल्‍लंघन कर नहीं बेची जा सकेगी।  

अदालत ने सरकार को चार सप्‍ताह  के भीतर फूड  कमिशनर  नियुक्‍त  करने के आदेश  भी  दिए  है।हाईकोर्ट ने सरकार को ये सुनिश्चित करने के निर्देश दिए है कि लाइसेंस के बिना कोई भी व्‍यक्ति फूड बिजनेस न करे। अदालत ने इस दलील को दरकिनार कर  दिया कि अदालत ने कानून  बनाने का अधिकार हासिल कर लिया है।

अदालत फैसले सुना कर व जरूरी निर्देश  दे कर  कानून  नहीं बनाती।  खंडपीठ ने कहा कि अदालत बुनियादी,संवैधानिक और लोगों के कानूनी अधिकारों को मान्‍यता देती है और उन्‍हें लागू करती है।अदालत ने ये फैसला सब नफा नुकसान,लोगों के स्‍वास्‍थ्‍य  व पर्यावरण जैसे मसलों को    ध्‍यान में रख  कर सुनाया है  ।   

अदालत ने सरकार को एचपी  नान बायोडिग्रेडिबल गारबेज एक्‍ट  के तहत नियम बनाने और प्रधान सचिव    के स्‍तर के अफसर की कमान में हाई पावर कमेटी  का  गठन  12 सप्‍ताह  के भीतर करने के आदेश दिए।  अदालत ने सरकार  को नगर निगम,नगर पंचायतों और नगर परिषदों   में जरूरी नियम   बनाने  के  निर्देश  दिए  है।

हाईकोर्ट  ने शिमला नगर निगम समेत  सभी शहरी निकायों को प्‍लासस्टिक कचरे  के सुरक्षित एकत्रिकरण,सटोरेज,छंटाई,व ट्रांसपोर्टेशन   के आदेश  दिए है।इसके अलावा  साल  के शुरू  में प्‍लास्टिक अपशिष्‍टों  के ऑडिट करने  का ओदश  भी दिया  है।  सभी जिलों के एसपी और डीसी  को इन  आदेशों  की पालना के  निर्देश  दिए  है। साथ  ही  कहा  है कि अगर  अवहेलना  हुई  तो वह  व्‍यक्तिगत  तौर  पर  जिम्‍मेदार  होंगे।