शिमला। भ्रष्‍टाचार के आरोप लगाने  पर मुख्‍यमंत्री वीरभद्र सिंह की ओर से प्रदेश के पूर्व मुख्‍यमंत्री प्रेम कुमार धूमल  व उनके बेटे भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर  और अरुण धूमल शनिवार  को शिमला की सीजेएम की अदालत में नहीं पहुंचे।धूमल की ओर से  हाजिर होने के लिए उनके वकीलों की ओर से छूट की अर्जी दाखिल की गई थी।जिसे अदालत ने मंजूर कर लिया और उन्‍हें एक दिन की छूट दे दी।

 

जबकि उनके बेटे भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर को समन ही नहीं  मिले तो उनके दूसरे बेटे अरुण धूमल का पता गलत  मिल रहा है।अदालत ने वीरभद्र सिंह  को अरुण धूमल का सही पता बताने के निर्देश दिए है। ताकि उन्‍हें नोटिसों की तामील कराई जा सके।मामले की अगली सुनवाई 27 दिसबंर  को रखी गई है।

 

वीरभद्र सिंह ने धूमल व उनके  दोनों  बेटों पर आपराधिक मानहानि का मुकदमा दर्ज कर   रखा है।धूमल परिवार ने वीरभद्र सिंह पर भ्रष्‍टाचार केआरोप लगाए थे। इनके साथ  ही वीरभद्र सिंह मौजूदा वित व रक्षा मंत्री अरुण जेटली पर  मुकदमा दायर किया था। लेकिन मोदी सरकार के केंद्र में सता में आने पर और जेटली के  मंत्री बन जाने पर वीरभद्र सिंह ने उन पर से मुकदमा वापस ले  लिया था।