शिमला। राजनीतिक तौर पर महत्‍वपूर्ण माने जाने वाले येलो लाइन पार्किंग व सीवरेज पर सेस लगाने के मसले पर स्‍थानीय विधायक सुरेश भारद्वाज व भाजपा पार्षदों ने वामपंथी मेयर व डिप्‍टी मेयर समेत सरकार पर हमला बोला है।भारद्वाज  ने जहां स्‍मार्ट सिटी के रदद होने के फैसले का क्रेडिट लेने का प्रयास किया वहीं येलो लाइन पार्किंग पर24-25सौ  रुपए की फीस  महीना वसूली का अंदेशा जताकर वामपंथियों पर वादा खिलाफी का आरोप जड़ दिया।हालांकि भाजपा विधायक यहां वामपंथियों के चक्रव्‍यू‍ह में फंसते नजर आ रहे है।

 

भारद्वाज ने दावा किया कि मेयर व डिप्‍टी मेयर की पार्टी ने घोषणपत्र में वादा किया था कि वो येलोलाइन पार्किंग का इंतजाम कर शहर के लोगों की समस्‍याएं सुलझाएंगे लेकिन तब इतनी ज्‍यादा फीस वसूलने की कहीं बात तक नहीं थी।लेकिन अब सर्कुलर रोड़ जिसे नगर निगम संभालता नहीं उसपर पार्किंग बनाकर शहर के लोगों से पैसे वसूलने का इंतजाम कर लोगों से अन्‍याय किया । भाजपा इसे बर्दाश्‍त  नहीं करेगी और निगम सदन व बाहर इसका जमकर विरोध किया जाएगा।

कुल मिलाकर राजनीतिक तौर जो स्थिति रोहड़ू हाटकोटी रोड़ को लेकर  भाजपा के पूर्व विधायक नरेंद्र बरागटा  के लिए बनी है वहीं  स्थिति  वामपंथी मेयर व डिप्‍टी मेयर ने  शिमला के विधायक सुरेश भारद्वाज के लिए खड़ी कर दी है।स्‍मार्ट सिटी पर सरकार व अफसरों के अलावा भाजपा भी सवालों में है। हालांकि इस मसले पर स्‍थानीय विधायक क्रेडिट लेने की काेशिश कर रहे है लेकिन शहर की जनता इससे सहमत नहीं लग रही  है।

उधर,येलो लाइन पार्किंग के मसले पर भी स्‍थानीय विधायक सदन के भीतर व बाहर विरोध करने का बात कह रहे है। लेकिन स्‍मार्ट सिटी पर जिस तरह से वामपंथी मेयर नेअदालत का दरवाजा खटखटा कर वीरभद्र सिंह सरकार के मंसूबे  तबाह कर दिए उस तरह से स्‍थानीय विधायक व भाजपा कोई कदम नहीं उठा रही है। बयानबाजी से आगे बढ़कर कोई बात नहीं हो रही है।

भाजपा ने निगम  व सरकार पर सीवरेज सेस लगाने को लेकर भी हमला बोला है। लेकिन वामपंथी मेयर व डिप्‍टी  मेयर पहले ही इसका विरोध कर राजनीतिक दांव चल चुके है।डिप्‍टी मेयर टिकेंद्र सिंह पंवर सीएम को इस मामले में चिटठी लिख चुके है। ऐसे में भारद्वाज  व भाजपा के लिए राजनीतिक तौर पर मुश्किलें खड़ी हो चुकी है।