शिमला/अर्की। भारतीय जनता पार्टी की ओर से पार्टी में एक ही परिवार धूमल परिवार का कब्‍जा उखाड़ फेंकने का आगाज आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के केबिनेट मंत्री जगत प्रकाश नडडा ने अर्की में रैली का आयोजन कर,कर दिया हैं। इस रैली में ये भी साफ हो गया हैं कि प्रदेश में भाजपा अंदरखाते दोफाड़ हो गई है और धूमल खेमा नडडा का साथ देने के लिए तैयार नहीं हैं।ये इस रैली ने क्लियर कर दिया हैं।

सबसे ज्‍यादा हैरान इस रैली में धूमल खेमे की गैरहाजिरी ने किया। उनके खेमे के विधायक तो विधायक पूर्व मुख्‍यमंत्री प्रेम कुमार धूमल के बड़े बेटे व भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर तक रैली में नहीं आए।

वो इस रैली में आएंगे इस बावत अर्की विधानसभा हलके में पिछले एक सप्‍ताह से यहां से स्‍थानीय भाजपा विधायक गोबिंद शर्मा ने जमकर भोंपू बजवाया था। शायद ये रणनीति कदम था।अन्‍यथा ऐसा नहीं हो सकता कि अनुराग ठाकुर को रैली में बुलाय गया हो और वो न आए।

जो भी हो भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर रैली में नहीं आए।संभवत: वह इसलिए नहीं आएं होंगे क्‍योंकि मोदी के मंत्री नडडा उनके पिता धूमल की सल्‍तनत को तबाह करने आ गए हैं। यही नहीं इस रैली में इतने सारे भाजपा नेता बोले लेकिन अनुराग ठाकुर का किसी ने नाम तक नहीं लिया।

भाजपा की ओर से मंडी के कद्दावर नेता जयराम ठाकुर और महेंद्र सिंह ठाकुर तक नडडा को सहारा देने इस रैली में पहुंच गए हैं। जयराम ठाकुर और महेंद्र सिंह ठाकुर के खिलाफ धूमल खेमा एक अरसे से चित करने पर लगा हैं।

यही स्थिति शिमला से भाजपा विधायक सुरेश भारद्वाज की भी हैं। धूमल खेमा उन्‍हें भी चित करने की जुगत में लगा हुआ हैं।  वो भी एक अरसे से धूमल विरोधी खेमे में शुमार हैं। इसीलिए नडडा की रैली के लिए अर्की विधानसभा क्षेत्र सोच समझ कर चुना गया।

अर्की से धूमल खेमा गोबिंद शर्मा की जगह किसी और को टिकट दिलाना चाहता हैं। इस खेमे ने रिटायर आईएएस अफसर आर. एस. गुप्‍ता पर निगाह लगा रखी थी। वो धूमल के सबसे वफादारों अफसरों में रहे हैं।लेकिन वो अभी मुकर रहे हैं। इसके अलावा वहां से धूमल के एक अन्‍य करीबी राकेश भारद्वाज भी कतार में हैं। धूमल खेमे ने कुनिहार से एक इंजीनियर को भी आगे कर रखा हैं। इसके अलावा कई और भी कतार में हैं। धूमल खेमे की इस घेरेबंदी से गांबिंद शर्मा असहज हैं। ऐसे में वो नडडा खेमे में आश्रय ढूंढ रहे हैं व नडडा खेमे ने उन्‍हें हाथोंहाथ ले भी लिया हैं।आज की रैली में ये साबित हो भी गया हैं और नडडा ने सीएमशिप की अपनी दावेदारी को पुख्‍ता कर दिया हैं।

इस रैली में भाजपा प्रदेश अध्‍यक्ष सतपाल सती ने भी शिरकत की । चूंकि राष्‍ट्रीय स्‍तर पर अमित शाह नडडा की जुंडली के हैं सो सती को तो आना ही था। उन पर पहले ही ये इल्‍जाम है कि उन्‍होंने प्रदेश की भाजपा को धूमल परिवार का बंधुआ बना दिया हैं। आरएसएस, भाजपा अध्‍यक्ष अमित शाह व प्रधानमंत्री मोदी पहले ही भाजपा को प्रदेशों में स्‍थानीय नेताओं की ओर से पार्टी को बंधुआ बनाने की रिवायत को खत्‍म करने का फैसला ले चुके हैं।

ऐसे में नडडा ने अर्की से रैली कर ये सीधा संदेश दे दिया हैं कि वो बीजेपी से आगामी विधानसभा चुनाव के लिए सीएम पद के प्रत्‍याशी हैं और उनके साथ कौन कौन हैं ये भी पब्लिक कर दिया हैं। अब दोनों खेमों में जंग शुरू हो गई हैं। धूमल खेमे में रविंद्र रवि, गुलाब सिंह ठाकुर, वीरेंद्र कंवर ,रणधीर शर्मा जैसे जाबांज हैं तो नडडा खेमे को जयराम, महेंद्र सिंह, सुरंश भारद्वाज के अलावा शांता कुमार का सहारा हैं।

इस सारे खेल में अर्की से भाजपा विधायक गोबिंद शर्मा अपनी नैया पार लगा पाएंगे या नहीं इस पर सबकी निगाह लगी हैं।